भोपाल
मध्य प्रदेश की पूर्व शिवराज सरकार की एक और योजना पर जांच की तलवार अटक रही है. अप्रैल 2018 में तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 2.2 करोड़ लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ देने के लिए मुख्यमंत्री जनकल्याण संबल (अब नया सवेरा) योजना की शुरूआत की थी. प्रदेश में कांग्रेस की कमलनाथ सरकार बनने के बाद अब यह योजना धांधली के आरोपों में घिर गई है. कांग्रेस की कमलनाथ सरकार अब इस योजना की जांच कराने जा रही है.

प्रदेश के श्रम मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया का कहना है कि कि बीजेपी के लोगों ने इसमें धांधली की है. मंत्री का आरोप है कि योजना के 2.2 करोड़ लाभार्थियों में से करीब 50 फीसदी फर्जी हैं. फर्जीन नामों के आधार पर बीजेपी के लोग योजना का गलत तरी के से फायदा उठा रहे हैं.

मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया ने कहा कि विभाग ने सभी संभागायुक्तों, कलेक्टरों, नगर निगम आयुक्तों और जिला पंचायत सीईओ को पत्र लिखकर सत्यापन के निर्देश दिए हैं.  एक जुलाई से 15 जुलाई तक अभियान चलाकर योजना के लाभार्थियों का भौतिक सत्यापन कराया जाएगा. इस दौरान अगर कोई गलत तरीके से योजना का लाभ लेते हुए पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

मंत्री ने बताया कि संबल योजना का नाम बदलकर अब ‘नया सवेरा योजना’ कर दी गई है. इसमें नए कार्ड जारी किए जाएंगे. कार्ड में आधार नंबर भी दर्ज होगा. इसके साथ ही नए कार्ड से आयुष्मान भारत योजना का लाभ भी मिल सकेगा.

Source : Agency