इंदौर 

इंदौर नगर निगम के एक अफसर को क्रिकेट बैट से पीटने के मामले में हुई स्थानीय बीजेपी विधायक आकाश विजयवर्गीय की गिरफ्तारी के विरोध में उनके युवा समर्थक ने बुधवार रात जिला जेल के बाहर आत्मदाह का प्रयास किया। स्थानीय अदालत ने मामले में विजयवर्गीय की जमानत याचिका खारिज करने के बाद उन्हें इसी जेल में 11 जुलाई तक के लिए न्यायिक हिरासत के तहत भेजा है।  
 
चश्मदीद लोगों ने बताया कि आजाद नगर क्षेत्र स्थित जिला जेल के गेट के पास एक युवक ने खुद पर डिब्बे से केरोसिन तेल उड़ेल लिया। इससे पहले कि वह खुद को आग लगा पाता, वहां तैनात पुलिसकर्मियों ने फौरन उसे रोका और उसके शरीर पर पानी डालकर उसे काबू में किया। युवक ने अपना नाम गौरव शर्मा बताते हुए कहा कि 'जनता की सेवा करने वाले' विधायक की गिरफ्तारी के विरोध में उसने यह कदम उठाया। 
 
सोशल मीडिया पर सामने आया था विडियो 
बता दें कि आकाश (34) बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के बेटे हैं और नवंबर 2018 का विधानसभा चुनाव जीतकर पहली बार विधायक बने हैं। जर्जर भवन ढहाने की मुहिम के दौरान विवाद के बाद बीजेपी विधायक ने नगर निगम के एक भवन निरीक्षक को क्रिकेट के बैट से पीट दिया था। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर इसका एक विडियो भी सामने आया था। 

आकाश के अलावा 10 अन्य लोगों पर एफआईआर 
वहीं आकाश विजयवर्गीय के साथ ही 10 अन्य लोगों के खिलाफ भी आईपीसी की धारा 353, 294, 323, 506, 147,148 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। आकाश ने आरोप लगाया कि निगम के अधिकारी ने महिलाओं को घसीटकर घरों से बाहर निकाला था और ऐसी किसी कार्रवाई के दौरान उनके साथ महिला पुलिस को होना चाहिए था। विधायक ने कहा, 'मैं चुना हुआ प्रतिनिधि हूं, जब मैं वहां पहुंचा तो लोग गुस्से में थे और अधिकारी को भगा रहे थे। मैं अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराऊंगा।' 
 

Source : Agency