नई दिल्ली
दंगल मूवी से चर्चित हुईं ऐक्ट्रेस जायरा वसीम के अभिनय छोड़ने के फैसले पर छिड़ी बहस के बीच समाजवादी पार्टी के सांसद एसटी हसन ने विवादित बयान दिया है। एसटी हसन ने जायरा के फैसले को सही करार देते हुए कहा कि यदि उन्हें जिस्म की नुमाइश करनी पड़ रही थी तो यह फैसला सही है। उन्होंने कहा कि जिस्म की नुमाइश करना अल्लाह से दूर होना है और यह गुनाह है। यदि उन्होंने इस गुनाह से बचने का फैसला लिया है तो यह सही है।

यूपी के मुरादाबाद से सांसद एसटी हसन ने कहा, 'इस्लाम ही नहीं बल्कि अन्य धर्मों में भी महिलाओं के जिस्म की नुमाइश करना मना है। खासतौर पर उन पार्ट्स की नुमाइश करना जिससे दूसरे लिंग के लोगों को सेक्स अपील हो, वह इस्लाम में हराम है। अगर जिस्म की नुमाइश हो रही है और इस तरह के लिबास पहनाए जा रहे हों, जिससे सेक्स अपील हो रही हो तो मैं समझता हूं कि उन्होंने सही किया।'

हसन ने कहा कि ऐसा करना गुनाह है और मैं समझता हूं कि उन्होंने एकदम सही किया। गुनाह करता है तो आदमी अल्लाह से दूर हो ही जाता है। इससे पहले भी कई नामचीन अभिनेत्रियों के इंडस्ट्री में काम करने के सवाल पर हसन ने कहा कि यदि किसी अभिनेत्री ने सेक्स अपील के साथ अंग दिखाए हों तो यह गुनाह है।


जया प्रदा की तवायफों से की तुलना
एसटी हसन का एक कार्यक्रम में अभिनेत्री जया प्रदा के खिलाफ भी विवादित बयान दिया। हसन ने जया प्रदा की तुलना तवायफों से करते हुए कहा कि रामपुर से आजम खान बड़े अंतर से जीत हैं। हालांकि जया प्रदा को भी 4,49,180 वोट मिले थे। एसपी सांसद हसन ने इसी का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें दुख है कि आज के दौर में भी तवायफों को 4 लाख से ज्यादा वोट मिल जाते हैं।

स्वामी बोले, तीन तलाक जैसे मुद्दों पर स्टैंड बताएं जायरा
इस बीच बीजेपी के फायरब्रैंड लीडर सुब्रमण्यन स्वामी ने भी उनके फैसले को सही करार दिया है। हालांकि उन्होंने कुछ सवाल भी उठाए हैं। स्वामी ने कहा कि इसका साफ अर्थ है कि वह मजहब के अधीन हो गई हैं। उन्हें तीन तलाक, किसी व्यक्ति के 4 पत्नियों को रखने और बुर्के को लेकर भी स्टैंड लेना चाहिए। मैं उनके फैसले से पूरी तरह सहमत हूं। किसी भी महिला के लिए मुंबई अजस्ट कर पाना मुश्किल होता है।

Source : Agency