भोपाल
प्रदेश में गहराए कोरोना संक्रमण से निबटने के लिए कमलनाथ सरकार में बंद की गई जनभागीदारी योजना को फिर से शुरू करने की मांग भाजपा के विधायकों ने मुख्यमंत्री से की है। मुख्यमंत्री से कहा गया है कि इस योजना को शुरू करने के बाद किसी भी सुविधा की बहाली में पब्लिक, विधायक और सरकार का पैसा लगाकर बेहतर सुविधा दी जा सकती है। इससे स्वास्थ्य सुविधा बढ़ेगी और किसी को अधिक भार भी नहीं आएगा।

मुख्यमंत्री से इस योजना को शुरू करने की मांग सबसे पहले मंदसौर विधायक यशपाल सिंह सिसोदिया ने की है जिसका समर्थन लोगों ने किया है। सिसोदिया ने ट्वीट कर मुख्यमंत्री से कहा है कि जनभागीदारी योजना को पुन: शुरू करें ताकि दानदाताओं, विधायक निधि एवं शासन की संयुक्त भागीदारी से आॅक्सीजन कंसंट्रेटर क्रय किए जाने में 33%-33% की राशि तीन हिस्सों में प्राप्त हो सके। इसका फायदा यह होगा कि किसी एक पर भार नहीं पड़ेगा। सिसोदिया ने प्रदेश टुडे से कहा कि इसका सबसे अधिक उपयोग आक्सीजन कंसेंट्रेटर खरीदने में हो सकता है। मंदसौर के शासकीय कालेज के प्राचार्य ने कोरोना से जूझ रहे लोगों को मदद के लिए ढाई लाख रुपए 90 लोगों के सहयोग से एकत्र किए हैं।

ये शाम तक तीन लाख रुपए एकत्र कर लेंगे जिसे कोरोना मरीजों के उपचार के लिए कलेक्टर को दिया जाएगा। सिर्फ इतनी सी राशि किसी काम के लिए मामूली हो सकती है लेकिन अगर इसमें विधायक भी इतनी ही मदद कर दें और इतनी ही राशि सरकार भी मिला दे तो नौ लाख रुपए में आक्सीजन कंसेंट्रेटर या कोई अन्य उपकरण मरीजों के उपचार के लिए खरीदा जा सकेगा। यह तो सिर्फ उदाहरण है, लोग इससे अधिक राशि मरीजों और कोरोना से मरते देख लोगों को राहत देने के लिए तैयार हैं। इसलिए सरकार को चाहिए कि कमलनाथ सरकार के कार्यकाल में बंद की गई जनभागीदारी योजना को फिर से चालू करें और लोगों को राहत दें। उनकी इस मांग का कुछ और विधायकों और भाजपा नेताओं ने समर्थन किया है।

उधर कोरोना संकट से निपटने के लिए विधायक निधि की राशि का अधिकतम उपयोग हेल्थ सेक्टर की सुविधा तैयार करने को लेकर भी विधायक सहमत हैं। विधायकों की मांग पर राज्य सरकार ने एक बार में विधायक निधि की राशि कोरोना उपकरणों की खरीदी और उपचार के लिए दिए जाने की छूट दी है लेकिन विधायक चाहते हैं कि समय की प्राथमिकता को देखते हुए आगे भी इसमें राहत दी जाए और अधिकतम राशि हेल्थ सेक्टर में उपयोग करने का मौका मिले।

Source : Agency